Third Eye Today News

शिमला पुलिस ने नशा तस्करी के दो अलग-अलग मामलों में पंजाब से दो बड़े सप्लायरों को किया गिरफ्तार

Spread the love

शिमला पुलिस ने नशा तस्करी के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए दो अलग-अलग मामलों में पंजाब से दो बड़े सप्लायरों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है

ननखड़ी क्षेत्र का नामी नशा तस्कर बलबीर उर्फ फौजी अमृतसर से गिरफ्तार, नेपाल भागने की फिराक में था मुख्य सरगनाह

शिमला पुलिस की स्पेशल सेल टीम को नशे के खिलाफ बड़ी सफलता मिली है। ननखड़ी क्षेत्र के कुख्यात नशा तस्कर बलबीर सिंह उर्फ फौजी / टीनू पाल टिंडा पुत्र कौल राम, निवासी ननखड़ी, उम्र 52 वर्ष को अमृतसर से गिरफ्तार किया गया है। आरोपी नेपाल भागने की फिराक में था। स्पेशल सेल की टीम पिछले एक हफ्ते से लगातार आरोपी को पकड़ने का जाल बुन रही थी परंतु आरोपी भी बेहद चुस्त और चालाक था जिसे पुलिस की कार्यप्रणाली का भली भांति पता था जिसने अपने सभी नंबर ओर पुराने स्थान छोड़ दिए थे और नेपाल भागने की तैयारी की योजना अमृतसर में बैठकर बना रहा था।

मामला, दिनांक 27.10.2026 को शिमला पुलिस की स्पेशल सेल टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर शोगी बैरियर पर एक टैक्सी की तलाशी ली। इस दौरान टैक्सी में सवार रेशम सिंह (34 वर्ष), निवासी अमृतसर, पंजाब के कब्जे से लगभग 257 ग्राम हेरोइन (चिट्टा) बरामद की गई। इस संबंध में FIR No. 230/26 दिनांक 27.10.2026 के तहत NDPS Act में मामला दर्ज किया गया।

मामले की जांच के दौरान सामने आया कि बरामद हेरोइन ननखड़ी क्षेत्र के बलबीर सिंह उर्फ फौजी को सप्लाई की जानी थी। जांच में यह भी सामने आया कि बलबीर सिंह ननखड़ी क्षेत्र में नशे का एक बड़ा सप्लायर है और वह हेरोइन की वाणिज्यिक मात्रा (Commercial Quantity) में नशे का कारोबार कर रहा था। इसके बाद पुलिस ने मुख्य सप्लायर की तलाश शुरू की और उसकी गिरफ्तारी के लिए विशेष टीम गठित की गई।

स्पेशल सेल की टीम पिछले एक सप्ताह से आरोपी की तलाश में लगातार प्रयास कर रही थी। गिरफ्तारी से बचने के लिए आरोपी ने अपने पुराने मोबाइल नंबर बंद कर दिए थे और अपने ठिकाने भी बदल लिए थे। पुलिस ने ननखड़ी क्षेत्र में कई स्थानों पर दबिश दी, लेकिन आरोपी लगातार फरार चल रहा था। पुलिस टीम को अंततः आरोपी के अमृतसर में होने की जानकारी मिली, जहां से उसे दिनांक 05.11.2026 को गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपी नेपाल भागने की फिराक में था।

बलबीर सिंह उर्फ फौजी (52 वर्ष), निवासी ननखड़ी के विरुद्ध पहले भी कुल छह आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें दो मामले हिमाचल प्रदेश आबकारी अधिनियम तथा चार मामले NDPS Act के तहत दर्ज हैं। उसका पूर्व आपराधिक रिकॉर्ड निम्नलिखित है:

1. FIR No. 88/2020, धारा 39(1) हिमाचल प्रदेश आबकारी अधिनियम, थाना कुमारसैन।
2. FIR No. 109/2020, धारा 39(1) हिमाचल प्रदेश आबकारी अधिनियम, थाना कुमारसैन।
3. FIR No. 40/2019, धारा 18 NDPS Act, थाना ननखड़ी – इस मामले में 380 ग्राम चरस एवं 29.37 ग्राम अफीम बरामद की गई थी।
4. FIR No. 82/2023, धारा 21 एवं 29 NDPS Act, थाना कोटखाई – इस मामले में 107.93 ग्राम हेरोइन (चिट्टा) बरामद की गई थी।
5. FIR No. 172/2023, धारा 18 NDPS Act, थाना वेस्ट शिमला – इस मामले में 150.05 ग्राम अफीम बरामद की गई थी।
6. FIR No. 225/2024, धारा 21 एवं 29 NDPS Act, थाना वेस्ट शिमला – इस मामले में 41.810 ग्राम हेरोइन (चिट्टा) बरामद की गई थी।

इस प्रकार आरोपी का पूर्व रिकॉर्ड दर्शाता है कि वह लंबे समय से नशा एवं अवैध कारोबार से जुड़े मामलों में संलिप्त रहा है। उसकी गिरफ्तारी शिमला पुलिस के लिए एक महत्वपूर्ण सफलता है।

आरोपी के पकड़े जाने से इलाका के लोगों ने भी राहत भरी सांस ली है और कई तस्करों के हाथ पैर कांपना भी शुरू हो गए हैं।

दूसरा मामला, दिनांक 27.09.2026 को ठियोग उपमंडल की डिटेक्शन सेल टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर गुम्मा में तीन आरोपियों रूपेश, शिवम वर्मा और लालू कुमार उर्फ कृष्णा के कब्जे से लगभग 50 ग्राम चिट्टा (हेरोइन) बरामद किया था। इस संबंध में पुलिस थाना कोटखाई में FIR No. 84/2026 दिनांक 27.09.2026 के तहत धारा 21 एवं 29 NDPS Act में मामला दर्ज किया गया था।

मामले की जांच के दौरान बैकवर्ड लिंक स्थापित करते हुए पाया गया कि उक्त तीनों आरोपी लुधियाना, पंजाब निवासी गुरप्रीत सिंह उर्फ गोरा उर्फ गोपी (35 वर्ष) से चिट्टा खरीदकर हिमाचल प्रदेश में शिमला क्षेत्र में बेचने के लिए लाए थे। इसके बाद पुलिस ने सप्लाई के मुख्य स्रोत तक पहुंचने के लिए जांच आगे बढ़ाई और आरोपी गुरप्रीत सिंह की तलाश शुरू की।

पुलिस टीम ने लगातार प्रयास करते हुए आरोपी गुरप्रीत सिंह उर्फ गोरा उर्फ गोपी को दिनांक 05.11.2026 को लुधियाना, पंजाब से गिरफ्तार किया।

गुरप्रीत सिंह का पूर्व आपराधिक रिकॉर्ड भी रहा है। उसके विरुद्ध पंजाब में पहले से तीन आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिनका विवरण निम्नलिखित है:

1. FIR No. 226/2013 दिनांक 04.08.2013, धारा 363 एवं 366 IPC, कमिश्नरेट पुलिस लुधियाना।
2. FIR No. 303/2022 दिनांक 26.11.2022, धारा 21 एवं 29 NDPS Act, पुलिस थाना SAS Nagar, पंजाब। इस मामले में 2 किलो 415 ग्राम हेरोइन (चिट्टा) बरामद की गई थी, जो वाणिज्यिक मात्रा (Commercial Quantity) है।
3. FIR No. 62/2026 दिनांक 06.03.2026, धारा 21 एवं 29 NDPS Act, पुलिस थाना कमिश्नरेट लुधियाना। इस मामले में 230 ग्राम हेरोइन (चिट्टा) बरामद की गई थी।

गुरप्रीत सिंह की गिरफ्तारी शिमला में सक्रिय नशा तस्करी नेटवर्क के विरुद्ध एक महत्वपूर्ण सफलता है। आरोपी का पूर्व रिकॉर्ड दर्शाता है कि वह पहले भी बड़ी मात्रा में हेरोइन की तस्करी से जुड़े मामलों में संलिप्त रहा है। बैकवर्ड लिंकेज के आधार पर उसकी गिरफ्तारी से शिमला में चिट्टे की सप्लाई के स्रोत तक पहुंचने में सफलता मिली है।

शिमला पुलिस का लक्ष्य नशे की सप्लाई चेन को जड़ से तोड़ना और नशे के अवैध कारोबार में शामिल मुख्य सप्लायरों को कानून के दायरे में लाना है।

वर्ष 2026 में अब तक 94 मुख्य सप्लायर्स की गिरफ्तारियां सुनिश्चित की जा चुकी है, जबकि वर्ष 2025 में केवल 8 व वर्ष 2024 में केवल 15 के गिरफ्तारियां ही हो पायी थी। वर्ष 2026 में 69 बड़े अंतर राजीय नेटवर्क्स को भी डिस्मेंटल किया गया है जबकि 2025 व 2024 में केवल 4 नेटवर्क्स के विरुद्ध ही कार्यवाही की गई थी।

Vishal Verma

20 वर्षों के अनुभव के बाद एक सपना अपना नाम अपना काम । कभी पीटीसी चैनल से शुरू किया काम, मोबाईल से text message के जरिये खबर भेजना उसके बाद प्रिंट मीडिया में काम करना। कभी उतार-चड़ाव के दौर फिर खबरें अभी तक तो कभी सूर्या चैनल के साथ काम करना। अभी भी उसके लिए काम करना लेकिन अपने साथियों के साथ third eye today की शुरुआत जिसमें जो सही लगे वो लिखना कोई दवाब नहीं जो सही वो दर्शकों तक