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नए साल में सैलरी के इंतज़ार में NHM कर्मचारी, 11 जनवरी तक नहीं मिली दिसंबर की सैलरी

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साल बदलने के साथ जहां आमतौर पर घर-परिवारों में नई उम्मीदों, योजनाओं और खुशियों की चर्चा होती है, वहीं हिमाचल प्रदेश में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के हजारों कर्मचारियों के लिए नया साल वेतन के इंतजार में गुजर रहा है। जनवरी का दूसरा सप्ताह भी बीत चुका है, लेकिन प्रदेश में एनएचएम के करीब 5600 कर्मचारियों को अब तक दिसंबर 2025 का वेतन नहीं मिल पाया है। इसका सीधा असर न केवल कर्मचारियों पर बल्कि उनके परिवारों की रोजमर्रा की जिंदगी पर भी पड़ रहा है।प्रदेश में एनएचएम के तहत लगभग 2600 अनुबंध और करीब 3000 आउटसोर्स कर्मचारी स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े हुए हैं। ये कर्मचारी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों से लेकर दूर-दराज के इलाकों में टीकाकरण, मातृ-शिशु स्वास्थ्य, राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों और आपात सेवाओं तक अहम जिम्मेदारियां निभा रहे हैं। कर्मचारियों का कहना है कि वे लगातार सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन समय पर वेतन न मिलना उनके लिए सबसे बड़ी चिंता बन गया है।

वेतन में देरी के कारण कई कर्मचारियों के सामने आर्थिक मुश्किलें खड़ी हो गई हैं। घर का किराया, बच्चों की स्कूल फीस, बैंक की ईएमआई और रोजमर्रा के खर्च पूरे करना कठिन होता जा रहा है। कर्मचारियों का कहना है कि जहां एक ओर नया साल खर्चों के साथ शुरू होता है, वहीं दूसरी ओर सैलरी न मिलने से पूरा पारिवारिक बजट गड़बड़ा गया है।

हिमाचल प्रदेश एनएचएम अनुबंध कर्मचारी संघ के पदाधिकारियों के अनुसार दिसंबर की सैलरी जनवरी की शुरुआत में मिल जानी चाहिए थी, लेकिन अब तक भुगतान नहीं हुआ। इसी नाराजगी के बीच आज मंडी में संघ की राज्य स्तरीय बैठक और सम्मेलन आयोजित किया गया है। बैठक में नई राज्य कार्यकारिणी का गठन किया जाएगा और लंबित वेतन सहित कर्मचारियों की अन्य समस्याओं और मांगों पर चर्चा की जाएगी।

संघ ने मुख्यमंत्री से इस मामले में सीधे हस्तक्षेप की मांग भी की है। कर्मचारियों का कहना है कि सरकार और स्वास्थ्य विभाग को इस देरी की गंभीरता समझनी चाहिए, क्योंकि इससे हजारों परिवार प्रभावित हो रहे हैं। उनका आग्रह है कि वेतन भुगतान की व्यवस्था स्थायी और समयबद्ध बनाई जाए।

उधर, एनएचएम प्रशासन ने देरी को तकनीकी कारणों से जोड़ते हुए स्थिति स्पष्ट करने की कोशिश की है। एनएचएम के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक केंद्र सरकार से तीसरी किस्त की स्वीकृति मिल चुकी है और कर्मचारियों का वेतन जारी करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि कर्मचारियों को जल्द ही सैलरी मिल जाएगी।

अधिकारी ने बताया कि एनएचएम के पूरे प्रतिष्ठान को नई एसएनए स्पर्श भुगतान प्रणाली में शिफ्ट किया गया है। इसी बदलाव के कारण भुगतान प्रक्रिया में अस्थायी देरी हुई है। पहले विभिन्न मदों के फंड का आपसी समायोजन कर वेतन समय पर जारी कर दिया जाता था, लेकिन नई व्यवस्था के तहत यह संभव नहीं रहा। प्रशासन का कहना है कि आने वाले दिनों में सिस्टम पूरी तरह स्थिर हो जाएगा और भविष्य में इस तरह की समस्या नहीं आएगी।

Vishal Verma

20 वर्षों के अनुभव के बाद एक सपना अपना नाम अपना काम । कभी पीटीसी चैनल से शुरू किया काम, मोबाईल से text message के जरिये खबर भेजना उसके बाद प्रिंट मीडिया में काम करना। कभी उतार-चड़ाव के दौर फिर खबरें अभी तक तो कभी सूर्या चैनल के साथ काम करना। अभी भी उसके लिए काम करना लेकिन अपने साथियों के साथ third eye today की शुरुआत जिसमें जो सही लगे वो लिखना कोई दवाब नहीं जो सही वो दर्शकों तक