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संजौली हेलीपोर्ट से हेली टैक्सी सेवाएं शुरू, सीएम ने किया शुभारंभ, जानें किराया और पूरा शेड्यूल

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हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला के संजाैली हेलीपोर्ट केंद्र से जरूरी मंजूरी के बाद आधिकारिक तौर पर उड़ानों के लिए खोल दिया गया है। इसी के साथ दो कंपनियों ने यहां से हेली टैक्सी सेवाएं शुरू कर दी हैं। बुधवार सुबह मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने इसका शुभारंभ किया। हेरिटेज एविएशन और पवन हंस लिमिटेड हेली टैक्सी सेवाएं दे रही हैं। हेरिटेज एविएशन शिमला के संजौली हेलीपोर्ट से रिकांगपिओ और कुल्लू रूट पर सेवाएं देगी जबकि पवन हंस लिमिटेड चंडीगढ़-शिमला रूट पर सेवाएं देगी। उड़ान योजना (उड़े देश का आम नागरिक) के तहत यह सेवाएं शुरू की जा रही हैं। केंद्रीय उड्डयन मंत्रालय ने इसके लिए टेंडर किए थे। हेली टेक्सी सेवा के संचालन का 80 फीसदी खर्च केंद्र और 20 फीसदी प्रदेश सरकार वहन करेगी।

जानें कितना होगा किराया
शिमला से रिकांगपिओ के लिए दिन में एक और भुंतर के लिए दिन में दो उड़ानें हेरिटेज एविएशन देगा। पवन हंस लिमिटेड की हेली टैक्सी  चंडीगढ़-शिमला रूट पर सप्ताह में तीन दिन सोमवार, शुक्रवार व शनिवार को उड़ान भरेगी।  शिमला से भुंतर के लिए प्रति व्यक्ति किराया 3500 रुपये) जबकि शिमला से रिकांगपिओ के लिए रोजाना एक उड़ान (किराया 4000 रुपये) होगा। चंडीगढ़ के लिए कंपनी ने अभी किराया तय नहीं किया है।

राज्य पर्यटन निदेशक ने ये कहा
राज्य पयर्टन निदेशक विवेक भाटिया ने कहा कि केंद्र सरकार ने संचालन मंजूरी के बाद संजाैली हेलीपोर्ट आधिकारिक तौर पर खोल दिया गया है। इससे पर्यटन को बढ़़ावा मिलेगा। हेली टेक्सी से सैलानी शिमला की खूबसूरत वादियों को निहार सकेंगे। इससे यहां साहसिक व धार्मिक पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने कहा कि हेरिटेज एविएशन मंडी-चंडीगढ़ के बीच भी जल्द हेली टेक्सी सेवा शुरू करेगी। वहीं आने वाले समय में शिमला-चंडीगढ़ रूट पर फ्लाइट्स की फ्रीक्वेंसी बढ़ाने का भी विचार है।

Vishal Verma

20 वर्षों के अनुभव के बाद एक सपना अपना नाम अपना काम । कभी पीटीसी चैनल से शुरू किया काम, मोबाईल से text message के जरिये खबर भेजना उसके बाद प्रिंट मीडिया में काम करना। कभी उतार-चड़ाव के दौर फिर खबरें अभी तक तो कभी सूर्या चैनल के साथ काम करना। अभी भी उसके लिए काम करना लेकिन अपने साथियों के साथ third eye today की शुरुआत जिसमें जो सही लगे वो लिखना कोई दवाब नहीं जो सही वो दर्शकों तक